मैड्रिड । अर्जेंटीना के कप्तान और महान फुटबॉलर लियोनेल मेसी ने अंतर्राष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास ले लिया है। मेसी के संन्यास की घोषणा के साथ ही उनका दो दशक से अधिक समय से जारी खेल सफर समाप्त हो गया। मेसी के अचानक ही संन्यास लेने से उनके प्रशंसक हैरान रह गये। मेसी की कप्तानी में ही पिछली बार अर्जेटीना ने विश्व कप जीत था हालांकि इस बार वह टीम को जीत दिलाने में असफल रहे। 21 साल के अपने असाधारण करियर में मेसी ने अर्जेटीना फुटबॉल को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया। मेसी ने अपने एक भावनात्मक पत्र के जरिये खेल को अलविदा कहने के मुश्किल फैसले की घोषणा की। इससे उनके दुनिया भर में फैले फुटबॉल प्रशंसक स्तब्ध रह गये।
अपने पत्र में, मेसी ने लिखा, फाइनल के बाद इतना समय बीतने और काफी सोच-विचार करने के बाद, मैं सभी को बताना चाहता हूं कि मैं राष्ट्रीय टीम से संन्यास ले रहा हूं। यह एक ऐसा फैसला था जिससे मुझे बहुत दुख हुआ और अब भी अंदर तक दुख होता है पर मैं समझता हूं कि यही सही समय है। उनके इन शब्दों से उनके फैसले के पीछे की पीड़ा और गहराई को उजागर किया। उन्होंने अपनी पूरी प्रतिबद्धता और देश के प्रति अदम्य समर्पण पर जोर दिया। मेसी ने आगे कहा, मैं कसम खाकर कहता हूं कि मैंने अपना सबकुछ दिया, सिर्फ बीते कुछ सालों में ही नहीं जब हमने सबकुछ जीता पर उससे पहले भी हमेशा हमारा प्रयास पूरा रहा। मैंने हमेशा इस जर्सी के लिए संघर्ष किया और अपना सब कुछ झोंक दिया, जिससे आपको खुशियां दे सकूं और फुटबॉल के जरिए अर्जेंटीना का होने पर आपको गर्व महसूस करा सकूं। यह उनके संघर्ष, उनके बलिदान और अर्जेंटीना के लोगों के लिए खुशियां लाने की उनकी अटूट इच्छा का प्रमाण था।
अपने करियर के इस मोड़ पर मेसी ने लिखा, अब ज्यादा समय नहीं बचा है और जिंदगी के कई अध्याय खत्म होने की तरफ बढ़ रहे हैं। यह एक ऐसा पड़ाव है जो मुझे बहुत दुख देता है। मुझे राष्ट्रीय टीम का हिस्सा रहना हमेशा से पसंद था, है और आगे भी रहेगा। मैंने अपना सब कुछ लगा दिया है और अब मेरे पास देने के लिए कुछ भी नहीं बचा है। यह उनके खेल के प्रति अथाह प्रेम और अब एक नए अध्याय की ओर बढ़ने की स्वीकृति को दिखाता है।
गौरतलब है कि मेसी ने अपने अंतर्राष्ट्रीय करियर की शुरुआत अगस्त 2005 में की, जो 21 गौरवशाली वर्षों तक चला। इन दो दशकों से अधिक के समय में, उन्होंने अर्जेंटीना के लिए 207 मैच खेले, जिसमें 125 गोल दागे और 68 में सहायता की। उन्होंने कुल 17,120 मिनट अंतर्राष्ट्रीय फुटबॉल के मैदान पर बिताए, हर पल अपनी छाप छोड़ी। उनकी कप्तानी में ही अर्जेंटीना ने 2022 फीफा विश्व कप का ऐतिहासिक खिताब जीता, जो उनके बेमिसाल करियर का सबसे शानदार पल था और जिससे उनका बरसों का सपना पूरा हुआ। विश्व कप में उनके प्रदर्शन की बात करें तो, मेसी ने कुल 34 मैच खेले और 21 गोल किए, जो इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट में उनकी निरंतरता और कौशल को दर्शाता है। उनके संन्यास से एक युग का अंत हो गया है पर उनकी विरासत हमेशा अमर रहेगी। उनके जादुई खेल की कमी प्रशंसकों को हमेशा ही याद आयेगी।


