नई दिल्ली । संसद सत्र के हंगामेदार अंत के बाद विपक्ष राज्यसभा के सभापति जगदीप धनखड़ के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पारित करने पर विचार कर रहा है। धनखड़ और इंडिया ब्लॉक पार्टियों के बीच संबंध तब बिगड़े जब सूत्रों ने कहा कि वे उपराष्ट्रपति को उनके पद से हटाने के लिए प्रस्ताव पेश करने के लिए नोटिस जमा करने पर विचार कर रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार, नोटिस के समय पर चर्चा की जानी है और निर्णय लिया जाना है। हालांकि प्रस्ताव पारित नहीं हो सकता है क्योंकि विपक्षी दलों के पास उन्हें हटाने के लिए पर्याप्त संख्या नहीं है। विपक्षी सूत्रों ने कहा कि धनखड़ के खिलाफ कार्रवाई शुरू करने के प्रस्ताव पर 87 सदस्यों ने हस्ताक्षर किए हैं। लगभग दो दिन पहले सदन के नेता जेपी नड्डा को अनौपचारिक रूप से बता दिया गया था कि विपक्ष उपराष्ट्रपति धनखड़ को हटाने के लिए प्रस्ताव पेश करने पर विचार कर रहा है।
सूत्र ने कहा कि विपक्षी दलों के लिए यह बात बहुत चिंताजनक है कि नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे का माइक बार-बार बंद किया जाता है। विपक्ष चाहता है कि सदन नियमों और परंपरा के अनुसार चले और सदस्यों के खिलाफ निजी टिप्पणियां अस्वीकार्य हैं। इंडिया के कई अन्य घटक दलों ने आरोप लगाया कि राज्यसभा में सभापति धनखड़ का रवैया पक्षपातपूर्ण दिखाता है, तथा हालत यह है कि नेता प्रतिपक्ष खरगे को बोलने नहीं दिया जाता और उनका माइक बंद कर दिया जाता है। इस बात पर राज्यसभा में धनखड़ और ‘इंडिया’ गठबंधन के सहयोगी दलों के बीच गतिरोध एक बार फिर बढ़ गया।
आशीष दुबे / 10 अगस्त 2024


