पूरी दुनियां को सही दिशा दिखा सकता है भारत
नागपुर । राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) प्रमुख मोहन भागवत ने अमेरिका द्वारा भारत पर लगाए गए रिकॉर्ड स्तर के टैरिफ पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। नागपुर में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भागवत ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के फैसले भारत के बढ़ते प्रभाव और ताकत से उपजे डर का नतीजा हैं।
आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने यहां कहा, कि दुनिया में लोगों को डर लगता है, भारत बड़ा होगा तो हमारा क्या होगा? तो लगाओ टैरिफ, डर लगता है उनको। उन्होंने आगे कहा कि राष्ट्रों के बीच टकराव की जड़ मुझे चाहिए, हमें चाहिए की प्रवृत्ति है, लेकिन दुनिया को समाधान चाहिए और भारत ही वह देश है जो पूरी दुनिया को सही दिशा दिखा सकता है। संघ प्रमुख भागवत ने भारतीय समाज की सहनशीलता और संतोष की भावना की भी प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि भारत में लोग अभाव में भी खुश रहते हैं, और हालात बदलने पर भी उनका दृष्टिकोण सकारात्मक रहता है।
गौरतलब है कि अमेरिका ने 2025 में भारत पर अब तक के सबसे ऊंचे टैरिफ लगाए हैं। राष्ट्रपति ट्रंप ने इन्हें रिसिप्रोकल टैरिफ नीति के तहत लागू किया है। जुलाई 2025 में पहला टैरिफ लगाया गया था, जो 1 अगस्त से प्रभावी हुआ। उस समय अमेरिकी प्रशासन ने दलील दी थी कि भारत के ऊंचे आयात शुल्क और व्यापार घाटे का जवाब देना जरूरी है। इसके बाद अगस्त 2025 में अमेरिका ने दूसरा टैरिफ लगाया, यह कहते हुए कि भारत रूस से तेल खरीद रहा है और इससे यूक्रेन युद्ध को अप्रत्यक्ष फंडिंग मिल रही है। नतीजतन, भारतीय निर्यातों पर अमेरिकी टैरिफ की दर 50 फीसदी तक पहुंच गई है। यह किसी भी बड़े व्यापारिक साझेदार पर लगाए गए सबसे ऊंचे शुल्क हैं।


