गोरखपुर । गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कॉलेज में रैगिंग के मामले में कड़ा कदम उठाते हुए 18 छात्रों पर 25-25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इनमें एमबीबीएस के 16 छात्र और दो इंटर्न शामिल हैं। सभी आरोपी छात्रों को एक-एक हफ्ते और इंटर्न को एक महीने के लिए निलंबित भी कर दिया गया है। इसके अलावा राजेन्द्र हॉस्टल के सीसीटीवी कैमरे तोड़ने वाले दो छात्रों पर 25-25 हजार रुपये का अतिरिक्त जुर्माना लगाया गया है।
यह मामला अक्टूबर के पहले हफ्ते में तब सामने आया था जब किसी ने राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग और विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के एंटी रैगिंग सेल में शिकायत दर्ज कराई थी। कॉलेज के एंटी रैगिंग स्क्वॉड ने सीसीटीवी फुटेज और मौके की जांच के आधार पर 18 सीनियर छात्रों की पहचान की थी। बुधवार को एंटी रैगिंग कमेटी की बैठक में आरोपी छात्रों के परिजनों को बुलाकर साक्ष्य दिखाए गए, जिसके बाद यह सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई। प्राचार्य डॉ. धर्मेन्द्र कुमार ने बताया कि रैगिंग के दोषियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया गया है और इंटर्नशिप कर रहे छात्रों को एक महीने की अतिरिक्त ट्रेनिंग ट्रॉमा सेंटर के सर्जरी विभाग में करनी होगी। इसके साथ ही, बीआरडी मेडिकल कॉलेज में अनुशासनहीनता के अन्य मामलों में भी कार्रवाई की गई है। महिला छात्रावास के गेट पर गार्ड से हाथापाई करने वाले एक इंटर्न पर 25 हजार और देर रात हॉस्टल पहुंचने वाली सात छात्राओं पर 10-10 हजार रुपये का आर्थिक जुर्माना लगाया गया है।
जालौन में 17 छात्र निलंबित
उधर, राजकीय मेडिकल कॉलेज जालौन में भी रैगिंग के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की गई है। वहां जूनियर छात्रों से रैगिंग का वीडियो वायरल होने के बाद एंटी रैगिंग कमेटी की रिपोर्ट पर कुल 17 एमबीबीएस छात्रों को तीन महीने के लिए निलंबित कर दिया गया है और प्रत्येक पर 25-25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। निलंबन की इस अवधि के दौरान इन छात्रों के क्लास अटेंड करने, हॉस्टल में रहने और क्लीनिकल ड्यूटी पर पूरी तरह रोक रहेगी।


