फर्जी कस्टमर केयर बनकर लोगों को बनाते थे शिकार, 10 मोबाइल और 11 सिम कार्ड जब्त
देवघर। जिले में साइबर अपराध के बढ़ते मामलों पर लगाम लगाने के लिए पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। इसी क्रम में एसपी सौरभ के आदेश पर तथा साईबर डीएसपी राजा कुमार मित्रा के निर्देश में 6 जनवरी को मारगोमुण्डा थाना क्षेत्र से पांच साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया। यह कार्रवाई गुप्त सूचना के आधार पर की गई, जिससे इलाके में सक्रिय साइबर ठगों का एक बड़ा नेटवर्क सामने आया है। पुलिस को सूचना मिली थी कि मारगोमुण्डा थाना अंतर्गत नयी चिहुटिया स्थित पहाड़ के पास कुछ युवक छिपकर ऑनलाइन ठगी का धंधा चला रहे हैं। ये लोग खुद को फ्लिपकार्ट, अमेजॉन और एयरटेल पेमेंट बैंक का कस्टमर केयर कर्मी बताकर लोगों से संपर्क करते थे। इसके अलावा गूगल पर फर्जी मोबाइल नंबर अपलोड कर फोन पे कस्टमर केयर, पीएम किसान योजना और लोन दिलाने के नाम पर आम लोगों को झांसे में लेते थे। वरीय अधिकारियों के निर्देश पर पुलिस टीम ने नयी चिहुटिया पहाड़ के पास स्थित बड़े गड्ढे के समीप छापामारी की, जहां से पांचों साइबर अपराधियों को धर दबोचा गया। आरोपियों के पास से बरामद मोबाइल और सिम कार्ड की प्रारंभिक जांच में स्पष्ट हुआ कि वे फर्जी कस्टमर केयर बनकर लोगों को लिंक भेजते थे और ऑनलाइन ठगी को अंजाम देते थे। कई मामलों में एसबीआई क्रेडिट कार्ड से जुड़े फर्जी लिंक भेजकर भी लोगों से पैसे ऐंठे गए। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी अलग-अलग तरीकों से ठगी करते थे। वे गूगल पर कस्टमर केयर के नाम से फर्जी मोबाइल नंबर डालते थे ताकि लोग स्वयं संपर्क करें। इसके बाद खुद को फोनपे या पेटीएम कस्टमर केयर का कर्मी बताकर कैशबैक का लालच देते और गिफ्ट कार्ड बनवाकर उसे रिडीम करा लेते थे। कुछ मामलों में आरोपी एयरटेल पेमेंट बैंक का पदाधिकारी बनकर एयरटेल थैंक्स एप के जरिए कार्ड बंद होने का डर दिखाते और दोबारा चालू कराने के नाम पर ठगी करते थे। पकड़े गए आरोपियों में रईस अंसारी और दस्तगीर अंसारी, दोनों मारगोमुण्डा थाना क्षेत्र के निवासी हैं। इनके अलावा अरबाज अंसारी जामताड़ा जिले के करमाटांड़ थाना क्षेत्र का रहने वाला है। वहीं बहादुर टुडु और विकास मंडल करौं थाना क्षेत्र, देवघर के निवासी बताए गए हैं। पुलिस ने आरोपियों के पास से 10 मोबाइल फोन, 11 सिम कार्ड और 5 प्रतिबिम्ब सिम कार्ड जब्त किए हैं। इस कार्रवाई में साइबर थाना देवघर के पुलिस पदाधिकारी रोकेश कुमार रवि, बिरेन्द्र उरांव तथा मारगोमुण्डा थाना की पुलिस टीम शामिल रही।


