बोकारो । बोकारो ट्रेजरी घोटाला (पुलिस वेतन मद में छह अप्रैल) में सीआइडी जांच के दौरान रोजाना नया खुलासा हो रहा है। अब तक सीआइडी जांच में पता चला है कि एसबीआइ के चार खातों में तीन करोड से अधिक का ट्रांजेक्शन वेतन मद में किया गया है।बोकारो एसपी कार्यालय के अकाउंट्स सेक्शन में कार्यरत आरोपी एएसआइ अशोक कुमार भंडारी ने बोकारो ट्रेजरी से 23 महीनों में एक सब-इंस्पेक्टर उपेंद्र सिंह के वेतन मद में तीन करोड 15 लाख रुपये की निकासी की। सीआइडी ने घोटाले की छानबीन तेज कर दी।सीआइडी को जांच के दौरान ट्रेजरी ऑफिस के रिकॉर्ड की जांच में पता चला है कि वित्तीय वर्ष 2024-26 के दौरान मई 2024 से लेकर मार्च 2026 तक (23 महीने) पुलिस सब-इंस्पेक्टर उपेंद्र सिंह के नाम पर एसबीआई बैंक की चास शाखा के खाता संख्या 42945898462 में वेतन मद से लगातार भारी-भरकम राशि ट्रांसफर की जा रही थी।
जब ट्रेजरी विभाग ने लगातार ट्रांजेक्शन होनेवाले संदिग्ध खाता के संबंध में लिखित रूप में जानकारी मांगी। इसके बाद चौकाने वाला मामला सामने आया।पता चला कि ट्रांजेक्शन हो रहा खाता सब-इंस्पेक्टर उपेंद्र सिंह का नहीं, बल्कि अकाउंट सस्पेंड अकाउंटेंट कौशल पांडेय की पत्नी अन्नू पांडेय का है।जांच में पता चला कि अन्नू पांडेय के खाते में आनेवाली सरकारी राशि का एक बड़ा हिस्सा कौशल कुमार पांडेय के बैंक खाता संख्या 0033137178417 में ट्रांसफर कर दिया जाता था। इसके बाद इस घोटाले की रकम को आगे खपाया जाता था। कौशल कुमार पांडेय के खाते से कुल 42 लाख रुपये की बड़ी रकम सह-आरोपी अशोक कुमार भंडारी के दो अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर की गई थी। यह पैसा अशोक भंडारी के खाता संख्या 10048586189, 33888406018 व 888406018 में जाता था।सीआइडी जांच में लगातार कई चौकाने वाली जानकारी जांच टीम को हासिल हो रही है। फिलहाल बोकारो ट्रेजरी घोटाले में मुख्य आरोपी (एसपी कार्यालय का ससपेंड अकाउंटेंट) कौशल पांडेय, एएसआइ अशोक भंडारी, होमगार्ड जवान सतीश कुमार, आरक्षी काजल मंडल जेल में है।मामले में सीआइडी के अलावे स्थानीय स्तर पर जांच टीम भी मामले की जांच कर रही है।


