नई दिल्ली । फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (फाडा) ने कहा है कि उसे देश भर में अपने 30,000 डीलरों के नेटवर्क से ई20 पेट्रोल से जुड़ी एक भी लिखित शिकायत नहीं मिली है। इससे सरकार के उस दावे को बल मिलता है कि उच्च एथेनॉल-मिश्रित ईंधन वाहनों के लिए सुरक्षित है। फाडा के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि एसोसिएशन ने अपनी जनरल काउंसिल से संपर्क किया, जिसमें विभिन्न राज्यों और वाहन सेगमेंट के 60-65 डीलर प्रतिनिधि शामिल हैं। उनसे यह जानने की कोशिश की गई कि क्या ग्राहकों ने ई20 पेट्रोल से जुड़ी कोई समस्या बताई है।
उन्होंने कहा कि हमें ऐसी एक भी समस्या नहीं मिली है जिसमें ग्राहक ने ई20 ईंधन की वजह से किसी तरह की दिक्कत की बात कही हो। यह बयान पुराने वाहनों में ई20 के इस्तेमाल पर सोशल मीडिया पर चल रही बहस के बीच आया है, जहां इंजन खराब होने, जंग लगने और माइलेज घटने जैसे दावे किए जा रहे थे। इन चिंताओं को दूर करने के लिए, फाडा ने ओईएम के साथ मिलकर देश भर में जागरूकता अभियान शुरू किया है। डीलरों को कंपनियों से मिले दिशा-निर्देशों के आधार पर ग्राहकों को तथ्यात्मक जानकारी व शंकाएं दूर करने के लिए बैनर लगाने को कहा गया है। केंद्र सरकार, तेल विपणन कंपनियां और वाहन निर्माता दोहराते हैं कि ई20 ईंधन उन वाहनों के लिए सुरक्षित है, जिन्हें इसके उपयोग के लिए अनुमोदित किया गया है।


