1,078 चालान काटकर 13.30 लाख रुपये जुर्माना वसूला गया
ब्लैक स्पॉट सुधारने और अवैध खनन पर कार्रवाई के निर्देश
देवघर। जिले में सड़क हादसों को कम करने और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए प्रशासन ने कार्रवाई तेज करने का फैसला लिया है। अब यातायात नियमों की निगरानी एएनपीआर कैमरों से भी की जाएगी। ओवरस्पीडिंग, लापरवाही से वाहन चलाने और अन्य नियमों का उल्लंघन करने वालों का ऑनलाइन ई-चालान काटा जाएगा। समाहरणालय सभागार में उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया की अध्यक्षता में शहरी परिवहन, यातायात, सड़क सुरक्षा और खनन टास्क फोर्स की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में पूर्व के निर्देशों के अनुपालन की समीक्षा के साथ आगे की कार्रवाई को लेकर अधिकारियों और पुलिस पदाधिकारियों को निर्देश दिए गए। उपायुक्त ने जिले के सभी संवेदनशील स्थानों यानी ब्लैक स्पॉट को जल्द चिन्हित करने और वहां जरूरी सुरक्षात्मक सुधार तय समय-सीमा में पूरा करने को कहा। उन्होंने बिना हेलमेट, ट्रिपल राइडिंग, रैश ड्राइविंग और बिना सीट बेल्ट वाहन चलाने वालों के खिलाफ अभियान चलाकर कार्रवाई का निर्देश दिया।
अगस्त में 1,078 चालान, 13.30 लाख रुपये जुर्माना
बैठक में बताया गया कि अगस्त 2026 में यातायात नियमों के उल्लंघन के मामलों में 1,078 चालान काटे गए। इनसे कुल 13 लाख 30 हजार 650 रुपये जुर्माना वसूला गया। एक मामले में वाहन चालक का ड्राइविंग लाइसेंस भी निलंबित किया गया। उपायुक्त ने जिले के सभी स्कूल और कॉलेजों में सड़क सुरक्षा, नशा मुक्ति और साइबर अपराध को लेकर एक साथ जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को यातायात नियमों और साइबर अपराध से बचाव के प्रति जागरूक करना जरूरी है। सड़क दुर्घटनाओं की निगरानी के लिए जिले में होने वाली सभी दुर्घटनाओं की जानकारी समय पर आईआरएडी और ई-डीएआर पोर्टल पर दर्ज करने का निर्देश दिया गया।
अवैध खनन पर भी सख्ती
खनन टास्क फोर्स की बैठक में अवैध खनन और बालू के अवैध परिवहन पर कार्रवाई की समीक्षा की गई। उपायुक्त ने अवैध खनन में इस्तेमाल होने वाले वाहनों पर जुर्माने के साथ उन्हें निरुद्ध करने की कार्रवाई का निर्देश दिया। अंचल अधिकारियों को अपने क्षेत्र के बालू घाटों का औचक निरीक्षण करने तथा रोकड़ बही, चालान पंजी और बालू उठाव से जुड़े रिकॉर्ड की जांच करने को कहा गया। एक ही चालान से एक से अधिक बार बालू परिवहन करने वाले वाहनों को चिन्हित कर कार्रवाई करने का भी निर्देश दिया गया। अवैध खनन पर रोक के लिए शहरी क्षेत्र में चार चेकपोस्ट बनाने का निर्देश दिया गया। अनुमंडल पदाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र में छापेमारी और कार्रवाई की नियमित निगरानी करने को कहा गया।
घायलों की मदद करने वालों को मिलेगा गुड सेमेरिटन का लाभ
सड़क दुर्घटना में घायल लोगों को समय पर अस्पताल पहुंचाने वाले राहगीरों को प्रशासन गुड सेमेरिटन नीति के तहत मिलने वाले लाभ और कानूनी सुरक्षा उपलब्ध कराएगा। ऐसे लोगों को सम्मानित भी किया जाएगा। पुलिस को निर्देश दिया गया कि दुर्घटना पीड़ितों की मदद करने वाले नागरिकों को अनावश्यक परेशानी न हो, ताकि लोग बिना डर के घायलों की मदद के लिए आगे आएं। बैठक में पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर, वन प्रमंडल पदाधिकारी अभिषेक भूषण, नगर आयुक्त सुलोचना मीना, अपर समाहर्ता हीरा कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी मधुपुर राजीव कुमार, जिला परिवहन पदाधिकारी विजय कुमार, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी राहुल कुमार भारती, देवघर व मधुपुर के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, ट्रैफिक डीएसपी, जिला खनन पदाधिकारी समेत संबंधित विभागों के अधिकारी और पुलिस पदाधिकारी मौजूद थे।


