यह केंद्र छात्र-छात्राओं के बीच अंतरिक्ष और खगोल विज्ञान को लेकर नई जिज्ञासा पैदा करेगा
दुमका । दुमका अब शिक्षा, विज्ञान और तकनीकी गतिविधियों के क्षेत्र में अपनी एक नई और आधुनिक पहचान बनाने जा रहा है। इसी कड़ी में बुधवार को उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के प्रधान सचिव राहुल कुमार पुरवार ने दुमका इंजीनियरिंग कॉलेज के पास निर्माणाधीन तारा मंडल भवन और साइंस सेंटर का जायजा लिया और कार्य की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उपायुक्त अभिजीत सिन्हा ने प्रधान सचिव को बताया कि तारा मंडल का अधिकांश निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। बची हुई छोटी-मोटी औपचारिकताओं को तेजी से पूरा किया जा रहा है, ताकि जल्द से जल्द इसे आम जनता और विद्यार्थियों के लिए खोल दिया जाए। इस मौके पर प्रधान सचिव राहुल कुमार पुरवार ने कहा कि संताल परगना क्षेत्र के लिए दुमका में तारा मंडल की स्थापना एक बहुत बड़ी उपलब्धि है। यह केंद्र युवाओं और छात्र-छात्राओं के बीच अंतरिक्ष और खगोल विज्ञान को लेकर नई जिज्ञासा पैदा करेगा। साथ ही, इससे क्षेत्र में वैज्ञानिक सोच और नवाचार को भी बढ़ावा मिलेगा। यह तारा मंडल आने वाले समय में दुमका की पहचान को नई ऊंचाई देगा और जिले के प्रमुख आकर्षण केंद्रों में से एक होगा।
तारा मंडल के बाद प्रधान सचिव ने पास ही बन रहे साइंस सेंटर के निर्माण कार्यों का भी निरीक्षण किया। उपायुक्त अभिजीत सिन्हा ने उन्हें जानकारी दी कि साइंस सेंटर का काम तय समयसीमा के भीतर काफी तेजी से चल रहा है। अगले साल तक इसके निर्माण को पूरी तरह खत्म कर इसका संचालन शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है। प्रधान सचिव ने भरोसा जताया कि तारा मंडल और साइंस सेंटर के शुरू होने से दुमका विज्ञान और तकनीक का एक प्रमुख केंद्र बनकर उभरेगा। इन दोनों संस्थानों के शुरू होने से यहां के बच्चों को किताबी ज्ञान के साथ-साथ प्रैक्टिकल लर्निंग, आधुनिक वैज्ञानिक संसाधनों और नए अनुसंधानों से जुडऩे का बेहतरीन मौका मिलेगा। इससे पूरे संताल परगना में शोध और वैज्ञानिक चेतना की एक नई संस्कृति विकसित होगी। इस महत्वपूर्ण निरीक्षण के दौरान प्रशासन के अन्य संबंधित अधिकारी और निर्माण एजेंसी के प्रतिनिधि भी मौके पर मौजूद रहे।


