पहली पायलट परियोजना दिल्ली में शुरू की थी, अब पूरे देश में लागू की
नई दिल्ली । डाक विभाग ने पूर्व सैनिक अंशदायी स्वास्थ्य योजना के तहत ईसीएचएस पॉलीक्लिनिकों में उपलब्ध न होने वाली दवाओं को लाभार्थियों के दरवाजे तक पहुंचाने के लिए एक विशेष सेवा शुरू की है। पूर्व सैनिक विभाग के सहयोग से शुरू की गई इस पहल से ईसीएचएस पॉलीक्लिनिकों में स्थित ग्राम स्तरीय उद्यमियों (वीएलई) के सामान्य सेवा केंद्र (सीएससी) के जरिए दवाओं की खरीद और पैकेजिंग की जाएगी। इन दवाओं को लाभार्थियों तक पहुंचाने के लिए लॉजिस्टिक और वितरण का प्रबंधन भारतीय डाक द्वारा किया जाएगा।
डाक विभाग द्वारा जारी बयान में कहा गया है कि ‘डाक विभाग (डीओपी) ने पूर्व सैनिक विभाग (डीईएसडब्ल्यू) के सहयोग से पूर्व सैनिक अंशदायी स्वास्थ्य योजना (ईसीएचएस) के तहत ईसीएचएस पॉलीक्लिनिकों में उपलब्ध न होने वाली दवाओं के ऑर्डर, बुकिंग, परिवहन और दरवाजे तक पहुंचाने की सुविधा के लिए एक विशेष सेवा शुरू की है। इस सेवा की पहली पायलट परियोजना 31 जुलाई को दिल्ली में शुरू की गई थी, जहां इसे उत्साहजनक प्रतिक्रिया मिली। बाद में हरियाणा और यूपी को शामिल करते हुए एनसीआर क्षेत्र में इसका विस्तार किया गया।
इस पायलट परियोजना की सफलता के बाद देश भर के 458 ईसीएचएस स्थानों का व्यापक मानचित्रण किया गया और यह सेवा 17 अक्टूबर से पूरे देश में लागू हो चुकी है। अब पूर्व सैन्यकर्मी अपनी दवाओं को घर बैठे ही ऑर्डर देकर मंगवा सकते हैं। इस सुविधा को शुरू करने का मकसद रिटायर्ड सैन्य कर्मचारियों को स्वास्थ्य सेवाओं और दवाओं की निर्माण आपूर्ति करना है। उन्हें घर से निकलकर स्वास्थ्य केंद्र तक जाने की असुविधा से भी बचाया जा सकेगा।
केंद्र सरकार की ओर से ईसीएचएस योजना पूर्व सैनिकों के लिए चलाई जाती है। यह एक अंशदायी स्वास्थ्य योजना है, जिसमें पूर्व सैनिकों को मामूली अंशदान करना पड़ता है और बदले में उन्हें और उनके आश्रितों को चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराई जाती हैं। इस योजना को देशभर में फैले ईसीएचएस पालीक्लीनिक, सेना चिकित्सा सुविधा केंद्र और ईसीएचएस के पैनल में शामिल डॉक्टर व अस्पतालों के जरिये चलाया जाता है। इसके लाभार्थियों को ईसीएचएस स्मार्ट कार्ड जारी किया जाता है, जिसका इस्तेमाल चिकित्सा सुविधा में किया जाता है। इस कार्डधारक को कैशलेस और बेहद रियायती दरों पर चिकित्सा का लाभ मिलता है।
ईसीएचएस योजना में पूर्व सैनिक और उनके आश्रित जैसे पत्नी या पति, बच्चे और माता-पिता को कवर किया जाता है। ईसीएचएस की ओर से जारी स्मार्ट कार्ड में ही लाभार्थी का सारा ब्योरा होता है और केंद्र पर इस कार्ड के जरिये ही इलाज का लाभ मिलता है। देश के कई शहरों और कस्बों में ईसीएचएस पॉलीक्लीनिक खुले हैं, जहां डॉक्टर से परामर्श और दवाइयां आदि मिलती हैं। इस योजना से ओपीडी, अस्पताल में भर्ती होने, एक्सपर्ट की सलाह जैसी सुविधाओं का लाभ उठाया जा सकता है।


