जितेन्द्र दास
पाकुड़। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर चलाए गए विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर)-2026 अभियान के तहत पाकुड़ जिले के तीनों विधानसभा क्षेत्रों—पाकुड़, लिट्टीपाड़ा और महेशपुर—में गणना प्रपत्र जमा करने का कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर बुधवार को पूरा कर लिया गया है। अभियान के दौरान जिले के 1,014 बूथ स्तरीय अधिकारियों (बीएलओ) ने घर-घर जाकर मतदाताओं से संपर्क किया और कुल 8,50,574 मतदाताओं का शत-प्रतिशत डिजिटाइजेशन पूरा किया।अभियान के दौरान 68,864 मतदाता ऐसे मिले जिनसे बीएलओ संपर्क नहीं कर सके या जिनके गणना प्रपत्र निर्धारित समय पर प्राप्त नहीं हो सके। निर्वाचन आयोग की निर्धारित प्रक्रिया के तहत ऐसे मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए जाने की कार्रवाई की जा सकती है।
20 हजार से अधिक मृत मतदाताओं की पहचान
अभियान के दौरान कुल 20,143 मृत मतदाताओं की पहचान की गई। इसके अलावा 4,585 अनुपस्थित अथवा लापता, 32,657 स्थायी रूप से स्थानांतरित, 11,437 पहले से अन्य स्थान पर पंजीकृत तथा 42 अन्य श्रेणी के मतदाताओं को भी चिह्नित किया गया।जिले में कुल 8,50,569 गणना प्रपत्र वितरित किए गए थे। इनमें 7,81,710 भरे एवं हस्ताक्षरित प्रपत्रों का डिजिटाइजेशन किया गया, जबकि 68,864 अप्राप्त अथवा अन्य श्रेणी के प्रपत्रों को भी निर्धारित प्रक्रिया के तहत डिजिटल रिकॉर्ड में शामिल किया गया।
पाकुड़ विधानसभा में सबसे अधिक स्थानांतरित मतदाता
पाकुड़ विधानसभा क्षेत्र में सबसे अधिक 3,93,088 मतदाताओं का सत्यापन किया गया। यहां कार्यरत 434 बीएलओ ने अभियान पूरा किया। सत्यापन के दौरान 6,999 मृत, 2,353 अनुपस्थित, 15,502 स्थायी रूप से स्थानांतरित तथा 4,633 पहले से अन्यत्र पंजीकृत मतदाता मिले। यहां 3,63,597 हस्ताक्षरित एवं 29,491 अप्राप्त गणना प्रपत्रों का डिजिटाइजेशन किया गया।
महेशपुर में 22 हजार से अधिक प्रपत्र अप्राप्त
महेशपुर विधानसभा क्षेत्र में 308 बीएलओ ने 2,42,460 मतदाताओं का रिकॉर्ड अपडेट किया। यहां 7,371 मृत, 1,666 अनुपस्थित, 9,423 स्थायी रूप से स्थानांतरित तथा 3,942 पहले से अन्यत्र पंजीकृत मतदाता चिह्नित किए गए। इस क्षेत्र में 2,20,031 हस्ताक्षरित एवं 22,429 अप्राप्त गणना प्रपत्रों का डिजिटाइजेशन किया गया।
लिट्टीपाड़ा में 272 बीएलओ ने पूरा किया कार्य
लिट्टीपाड़ा विधानसभा क्षेत्र में 272 बीएलओ ने 2,15,026 मतदाताओं का सत्यापन और डिजिटाइजेशन पूरा किया। यहां 5,773 मृत, 566 अनुपस्थित, 7,732 स्थायी रूप से स्थानांतरित तथा 2,862 पहले से अन्यत्र पंजीकृत मतदाता मिले। इस क्षेत्र में 1,98,082 हस्ताक्षरित एवं 16,944 अप्राप्त गणना प्रपत्रों का डिजिटाइजेशन किया गया।
निर्वाचन आयोग के इस विशेष अभियान का उद्देश्य मतदाता सूची को अद्यतन एवं त्रुटिरहित बनाना है, ताकि आगामी चुनावों में केवल पात्र और सत्यापित मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में शामिल रहें।


