नई दिल्ली । जून में थोक महंगाई बढकऱ 9.87 प्रतिशत पर पहुंच गई है। यह पिछले महीने 9.68 प्रतिशत पर थी। जून में महंगाई 44 महीने में सबसे ज्यादा है। सितंबर 2022 में ये 10.70 प्रतिशत पर पहुंच गई थी। कॉमर्स मिनिस्ट्री ने मंगलवार को थोक महंगाई के आंकड़े जारी किए हैं। महंगाई बढऩे की वजह रोजमर्रा की जरूरत के सामान और खाने-पीने की चीजों का महंगा होना है। अमेरिका और ईरान के बीच फरवरी से चल रहा तनाव कम नहीं हुआ तो इसके दामों में और इजाफा हो सकता है।
इससे पहले सोमवार रिटेल महंगाई के आंकड़े जारी हुए थे। रिटेल महंगाई भी लगातार छठे महीने बढकऱ 4.38 प्रतिशत पर पहुंच गई है। रोजाना जरूरत के सामान के दाम बढ़े रोजाना की जरूरत वाले सामानों (प्राइमरी आर्टिकल्स) की महंगाई 4.99 प्रतिशत से बढकऱ 7.00 प्रतिशत हो गई है। खाने-पीने की चीजों (फूड इंडेक्स) की महंगाई 4.49 प्रतिशत से बढकऱ 6.14 प्रतिशत पर पहुंच गई है। फ्यूल और पावर की थोक महंगाई दर 30.33 प्रतिशत से घटकर 27.41 प्रतिशत हो गई है। मैन्युफैक्चरिंग प्रोडक्ट्स की थोक महंगाई में कोई बदलाव नहीं है। यह 7.48 प्रतिशत रही


