मुम्बई । भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन अपने अच्छे प्रदर्शन के बाद भी आज तक भी टीम में अपनी जगह पक्की नहीं कर पाये हैं। इसके पीछे एक बड़ा कारण निरंतरता की कमी को बताया जाता है। वहीं कई दिग्गजों कहना है कि इस अनिश्चितता के पीछे केवल उनका प्रदर्शन ही नहीं, बल्कि कई अन्य कारण भी जिम्मेदार हैं। इसमें ये भी रहा कि हमेशा उनका क्रम बदला गया जिससे वह किसी भी क्रम पर अपने को स्थापित नहीं कर पाये।
उन्हें कभी पारी की शुरुआत करने भेजा गया, कभी तीसरे नंबर पर, तो कभी मध्य क्रम में बल्लेबाजी करनी पड़ी। यह निरंतर बदलाव किसी भी खिलाड़ी के लिए अपनी लय खोजना मुश्किल बना देता है। इस अस्थिरता के कारण वह खुलकर नहीं खेल पाये क्योंकि उन्हें हमेशा टीम की जरूरत के अनुसार अपनी भूमिका बदलनी पड़ी है, जिससे उनका आत्मविश्वास भी प्रभावित हुआ है।

खेल विश्लेषकों का मानना है कि संजू एक शांत स्वभाव के व्यक्ति हैं और सोशल मीडिया पर अन्य खिलाड़ियों की तरह सक्रिय नहीं रहते। इसी कारण शायद उन्हें मीडिया और पूर्व क्रिकेटरों से वह मजबूत समर्थन नहीं मिलता जो कुछ अन्य युवा खिलाड़ियों को मिलता है। हाल ही में न्यूजीलैंड दौरे पर उनके शानदार अर्धशतक के बावजूद, कुछ ही खराब मैचों के बाद उनके करियर पर फिर से सवाल उठने लगे थे। वहीं, देखा गया है कि कुछ अन्य खिलाड़ियों को शुरुआती विफलताओं के बावजूद लगातार मौके मिलते रहते हैं, और एक बड़ी पारी उनकी पिछली कमियों को आसानी से ढक देती है। यह तुलना संजू पर अतिरिक्त मानसिक दबाव डालती है।
जब कोई खिलाड़ी एक अर्धशतक लगाकर मैच जिताता है, तो उसके लिए उतनी चर्चा नहीं होती, जबकि किसी अन्य खिलाड़ी के लिए कुछ पूर्व क्रिकेटर सोशल मीडिया पर जमकर तारीफ करते हैं। यह स्थिति संजू को मानसिक रूप से प्रभावित कर सकती है, जिससे उनके खेल पर भी असर पड़ता है। यह बड़ा सवाल है कि संजू को ही क्यों हमेशा अलग-अलग भूमिकाओं में आजमाया जाता है, जबकि अन्य खिलाड़ियों को उनके पसंदीदा स्थान पर खेलने का अवसर मिलता है। टीम प्रबंधन और क्रिकेट विशेषज्ञ अक्सर संजू के एक खराब मैच के बाद उन्हें बाहर करने की बात करते हैं, लेकिन यह नहीं बताते कि उन्हें भारतीय टीम में वह समर्थन और स्थिरता क्यों नहीं मिली जिसके वह हकदार थे। आखिर कोई खिलाड़ी अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कैसे दे पाएगा, जब उसके दिमाग में यह चल रहा हो कि अगले मैच में उसे बाहर बैठना पड़ सकता है या उसका बल्लेबाजी क्रम बदला जा सकता है? उनकी प्रतिभा निर्विवाद है, लेकिन उन्हें एक स्थिर मंच और अटूट समर्थन की आवश्यकता है ताकि वह अपनी पूरी क्षमता का प्रदर्शन कर सकें।



