नई दिल्ली । मेटा कंपनी का म्यूज एआई असिस्टेंट यूजर्स की पसंद, आदतों और सामाजिक रिश्तों से जुड़ी जानकारी का विश्लेषण कर सकता है। यह एआई सिस्टम चैट, ईमेल और इंस्टाग्राम से जुड़ी उन जानकारियों का इस्तेमाल कर सकता है, जिन तक उसे पहुंच मिली है। इसके आधार पर यूजर की व्यक्तिगत प्रोफाइल तैयार की जा सकती है। यह दावा किया है एक ताजा रिपोर्ट में। इस रिपोर्ट सामने आने के बाद एआई की उपयोगिता और व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं। म्यूज एआई को रोजमर्रा के काम आसान बनाने के लिए तैयार किया गया है। यह किराने का सामान खरीदने, सब्सक्रिप्शन रद्द करने और रिमाइंडर देने जैसे कामों में मदद कर सकता है। हालांकि, रिपोर्ट के अनुसार, इसकी कार्यप्रणाली में यूजर की गतिविधियों और बातचीत से जुड़ी जानकारी का विश्लेषण भी शामिल है।
रिपोर्ट में दावा किया गया है कि म्यूज यूजर की प्रोफाइल को हर घंटे अपडेट कर सकता है। इसमें उसकी पसंद, रुचियों, आदतों और दूसरे लोगों के साथ संबंधों से जुड़ी जानकारियां शामिल हो सकती हैं। उदाहरण के लिए, यह समझने की कोशिश की जा सकती है कि यूजर किसी व्यक्ति से कैसे मिला, दोनों के बीच किस तरह के संबंध हैं और बातचीत में सहयोग या तनाव के क्या संकेत मिलते हैं। इसके अलावा, एआई यूजर के उन लक्ष्यों का भी अनुमान लगा सकता है, जिन्हें उसने सीधे तौर पर व्यक्त नहीं किया है। रिपोर्ट में ऐसे निर्देशों का उल्लेख है, जिनके तहत यूजर की दिनचर्या के अनुसार संदेश और रिमाइंडर तैयार किए जा सकते हैं।
इससे एआई की मदद अधिक व्यक्तिगत हो सकती है, लेकिन साथ ही यह सवाल भी उठता है कि किसी व्यक्ति के व्यवहार का कितना विस्तृत विश्लेषण किया जाना चाहिए। मेटा का कहना है कि म्यूज यूजर की ओर से साझा की गई जानकारियों को याद रखता है, ताकि आगे अधिक उपयोगी जवाब दे सके। कंपनी के मुताबिक, यूजर का डेटा उसके विज्ञापन सिस्टम या दूसरे म्यूज एजेंट्स के साथ साझा नहीं किया जाता। हालांकि, उत्पाद को बेहतर बनाने के लिए एआई के इस्तेमाल से मिले कुछ अनुभवों का उपयोग किया जा सकता है। कंपनी का दावा है कि ऐसी जानकारी के इस्तेमाल से पहले पहचान उजागर करने वाले विवरण हटा दिए जाते हैं। रिपोर्ट में डेटा मिटाने की प्रक्रिया को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं।
म्यूज को किसी जानकारी को भूलने के लिए कहने का अर्थ यह जरूरी नहीं कि उससे जुड़ा मूल संदेश भी डिलीट हो जाए। यानी याद रखी गई जानकारी हटाने और मूल डेटा मिटाने के बीच अंतर हो सकता है। मेटा ने भविष्य में ऐसी एन्क्रिप्शन सुविधा लाने की योजना बताई है, जिससे कंपनी भी यूजर के म्यूज डेटा को नहीं पढ़ सकेगी। रिपोर्ट के अनुसार, संबंधित सुविधा उस समय उपलब्ध नहीं थी। एआई असिस्टेंट व्यक्तिगत जरूरतों के अनुसार मदद देने में उपयोगी हो सकते हैं, लेकिन इसके लिए डेटा तक पहुंच और उसके इस्तेमाल की स्पष्ट जानकारी जरूरी है।
WhatsApp Group जुड़ने के लिए क्लिक करें 👉
Join Now


