एयर इंडिया, इंडिगो और एयर इंडिया एक्सप्रेस ने 10 से 22 फीसदी तक सेवाओं में की कटौती
नई दिल्ली । भारत की प्रमुख विमानन कंपनियां, एयर इंडिया, इंडिगो और एयर इंडिया एक्सप्रेस, विमान ईंधन की बढ़ती कीमतों और अपेक्षा से कम यात्री मांग के कारण अपनी घरेलू उड़ानों में अस्थायी रूप से 10 से 22 प्रतिशत तक की कटौती कर रही हैं। यह फैसला पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष से बढ़ी परिचालन लागतों और हवाई क्षेत्र पर प्रतिबंधों के मद्देनजर लिया गया है। अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार एयर इंडिया जून और जुलाई के लिए अपनी घरेलू उड़ानों में 20-22 प्रतिशत की कटौती करेगी, जबकि एयर इंडिया एक्सप्रेस जून के लिए अपनी घरेलू सेवाओं में 10 प्रतिशत की कमी कर रही है।
देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो ने जुलाई-सितंबर तिमाही के लिए घरेलू उड़ानों में 12-15 प्रतिशत की कटौती की घोषणा की है। ये सभी कटौती ग्रीष्मकालीन कार्यक्रम के तहत निर्धारित उड़ानों की तुलना में की गई हैं। एयर इंडिया प्रति सप्ताह लगभग 3,600 घरेलू उड़ानें संचालित करती है, जिसमें 22 फीसदी की कटौती से प्रति सप्ताह 790 से अधिक सेवाएं प्रभावित होंगी। एयर इंडिया एक्सप्रेस की लगभग 2,400 घरेलू उड़ानों में 10 फीसदी से कम का असर होगा। वहीं, इंडिगो, जो प्रति सप्ताह लगभग 13,000 घरेलू उड़ानें संचालित करती है, ने मांग में कमी और वार्षिक मौसमी समायोजन को भी इस कटौती का कारण बताया है। एयरलाइंस का यह कदम लागतों को नियंत्रित करने और मौजूदा बाजार परिस्थितियों के अनुकूल होने की रणनीति का हिस्सा है।


