पश्चिमी सिंहभूम । पश्चिमी सिंहभूम जिले के चाईबासा स्थित गांधी टोला में दुर्गापूजा की 50वीं वर्षगांठ के अवसर पर तैयार भव्य पूजा पंडाल का शुक्रवार रात उद्घाटन किया गया। पश्चिमी सिंहभूम के उपायुक्त मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक अमित रेणु और उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार ने संयुक्त रूप से पंडाल का उद्घाटन किया। कार्यक्रम में धार्मिक उत्साह और उल्लास का माहौल देखने को मिला। पंडाल की आकर्षक सजावट और नटराज संगीतालय की ओर से प्रस्तुत महिषासुर मर्दिनी के मंचन ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। पंडाल का उद्घाटन झारखंड सरकार के कैबिनेट मंत्री दीपक बिरुवा को करना था, लेकिन किसी कार्य में व्यस्तता के कारण वह कार्यक्रम में शामिल नहीं हो सके। इसके बाद जिला प्रशासन के अधिकारियों ने विधिवत उद्घाटन कर पूजा समारोह की शुरुआत की। मौके पर प्रशिक्षु आईएएस ईरा जोरवाल, एसडीओ संजय कुमार, एसडीपीओ बहामन टुटी, सीओ उपेंद्र कुमार, कार्यपालक अभियंता गौतम राणा और विद्युत प्रमंडल चाईबासा के कार्यपालक अभियंता विनोद कुमार उपस्थित रहे। गांधी टोला दुर्गा पूजा समिति के संरक्षक एवं चाईबासा नगर परिषद के अध्यक्ष नितिन प्रकाश ने अतिथियों का स्वागत करते हुए उनका अभिनंदन किया।
उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए उपायुक्त मनीष कुमार ने कहा कि वह पिछले 15 वर्षों से नवरात्र का अनुष्ठान कर रहे हैं। मां दुर्गा की कृपा, शक्ति और भक्ति सभी को प्राप्त हो, यही उनकी कामना है। उन्होंने गांधी टोला दुर्गा पूजा समिति के प्रयासों की सराहना करते हुए आयोजन की सफलता के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि दुर्गापूजा केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि आस्था, भक्ति और सामाजिक एकजुटता का प्रतीक भी है। ऐसे आयोजन लोगों को एक-दूसरे के करीब लाते हैं और समाज में आपसी सद्भाव को मजबूत करते हैं। पुलिस अधीक्षक अमित रेणु ने भी जिलेवासियों को दुर्गापूजा की शुभकामनाएं देते हुए समिति की ओर से तैयार किए गए भव्य पंडाल की सराहना की। उन्होंने आयोजन से जुड़े लोगों के प्रयासों की प्रशंसा की।
समिति के संरक्षक नितिन प्रकाश ने कहा कि गांधी टोला दुर्गा पूजा समिति इस वर्ष अपनी स्थापना के 50 वर्ष पूरे कर रही है। स्वर्ण जयंती वर्ष को यादगार बनाने के उद्देश्य से भव्य पंडाल तैयार कराया गया है। समिति का प्रयास है कि श्रद्धालुओं को बेहतर व्यवस्था के साथ भक्तिमय वातावरण उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया। समारोह का प्रमुख आकर्षण नटराज संगीतालय की ओर से प्रस्तुत महिषासुर मर्दिनी का मंचन रहा। कलाकारों ने मां दुर्गा और महिषासुर के बीच युद्ध के प्रसंग को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। प्रस्तुति के माध्यम से बुराई पर अच्छाई की विजय और देवी शक्ति की महिमा का संदेश दिया गया। मंचन के दौरान उपस्थित श्रद्धालु भावविभोर नजर आए। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं, समिति के सदस्यों और स्थानीय लोगों की भागीदारी रही।


