जामताड़ा : फतेहपुर प्रखंड की सिमलडंगाल पंचायत से पेंशन व्यवस्था में कथित लापरवाही का मामला सामने आया है। पंचायत की वृद्ध महिला विमला देवी ने उपायुक्त के जनता दरबार में पहुंचकर शिकायत की कि भौतिक सत्यापन के दौरान सरकारी अभिलेख में उन्हें मृत दर्ज कर दिया गया। इसके बाद उनकी पेंशन का भुगतान रोक दिया गया। विमला देवी ने बताया कि वह जीवित हैं और पेंशन से मिलने वाली राशि उनके लिए आर्थिक सहारा है। रिकॉर्ड में मृत घोषित किए जाने के कारण पेंशन बंद होने से उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने प्रशासन से रिकॉर्ड दुरुस्त कर पेंशन दोबारा शुरू कराने की मांग की।
मामले की गंभीरता को देखते हुए उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को पूरे प्रकरण की जांच कर वास्तविक स्थिति स्पष्ट करने का निर्देश दिया है। साथ ही जांच के दौरान यदि किसी स्तर पर कर्मचारी या पंचायतकर्मी की लापरवाही अथवा अनियमितता सामने आती है, तो नियमानुसार कार्रवाई करने की बात कही गई है। घटना के बाद लाभुकों के भौतिक सत्यापन की प्रक्रिया पर भी सवाल उठ रहे हैं। आखिर जीवित महिला को मृत किस आधार पर दर्ज किया गया और पेंशन रोकने से पहले रिकॉर्ड का सत्यापन कैसे हुआ, इसका जवाब जांच के बाद ही सामने आएगा। प्रशासनिक जांच के बाद विमला देवी की पेंशन बहाल होने और सरकारी रिकॉर्ड में सुधार की उम्मीद है। साथ ही दोषी पाए जाने वाले कर्मियों पर कार्रवाई की संभावना भी जताई जा रही है।


