नर्मदा । 72वें फिल्मफेयर अवॉड्र्स का भव्य आयोजन गुजरात के स्टैच्यू ऑफ यूनिटी परिसर में हुआ, जहां बॉलीवुड और दक्षिण भारतीय सिनेमा के सितारों का जलवा देखने को मिला। कार्तिक आर्यन और ममूटी को बेस्ट एक्टर, यामी गौतम को बेस्ट एक्ट्रेस का सम्मान मिला, जबकि गुजराती फिल्म ‘मारण’ ने बेस्ट गुजराती फिल्म का अवॉर्ड जीतकर गुजरात का गौरव बढ़ाया। इस बार सर्वश्रेष्ठ अभिनेता की श्रेणी में बॉलीवुड और दक्षिण भारतीय सिनेमा का शानदार संगम देखने को मिला। अभिनेता कार्तिक आर्यन को फिल्म चंदू चैंपियन में पैरालंपिक स्वर्ण पदक विजेता मुरलीकांत पेटकर के प्रेरणादायी किरदार को प्रभावशाली ढंग से पर्दे पर उतारने के लिए बेस्ट एक्टर के सम्मान से नवाजा गया। वहीं, मलयालम सिनेमा के दिग्गज अभिनेता ममूटी ने भी भ्रमयुगम में अपने रहस्यमय और प्रभावशाली अभिनय के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का सम्मान हासिल किया। दोनों कलाकारों की जीत ने यह भी रेखांकित किया कि भारतीय सिनेमा की ताकत अब किसी एक भाषा या उद्योग तक सीमित नहीं रही है। अभिनेत्री यामी गौतम ने फिल्म आर्टिकल 370 में अपने दमदार अभिनय के लिए बेस्ट एक्ट्रेस का पुरस्कार अपने नाम किया। संवेदनशील और गंभीर विषय पर आधारित इस फिल्म में उनके प्रदर्शन को समारोह में विशेष पहचान मिली।
यामी का यह सम्मान उनके करियर के महत्वपूर्ण पड़ावों में से एक माना जा रहा है और समारोह में उनकी उपलब्धि पर खास चर्चा रही। उद्योगपति श्रीकांत बोल्ला के संघर्ष और जीवन यात्रा पर आधारित राजकुमार राव अभिनीत फिल्म श्रीकांत को बेस्ट हिंदी फिल्म का प्रतिष्ठित पुरस्कार मिला। फिल्म ने विपरीत परिस्थितियों के बावजूद सपनों को साकार करने की प्रेरक कहानी को पर्दे पर उतारा है। पुरस्कार मिलने के साथ ही फिल्म की कहानी और कलाकारों के अभिनय को एक बार फिर व्यापक मंच पर पहचान मिली। निर्देशन के क्षेत्र में आनंद एल. राय को स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के लिए बेस्ट डायरेक्टर का सम्मान दिए जाने की बात सामने आई। समारोह की मेजबानी जिस ऐतिहासिक स्थल पर हुई, उसी से जुड़े शीर्षक वाली फिल्म के लिए निर्देशक का सम्मान मिलना आयोजन को एक अलग सिनेमाई रंग देता नजर आया। अभिनय की सहायक श्रेणियों में भी प्रतिभाओं को सम्मान मिला। संजय मिश्रा को बेस्ट मेल सपोर्टिंग एक्टर, जबकि सचाना नामीदास को बेस्ट फीमेल सपोर्टिंग एक्टर के सम्मान से नवाजा गया। इन पुरस्कारों ने यह संदेश भी दिया कि किसी फिल्म की सफलता केवल मुख्य कलाकारों पर निर्भर नहीं होती, बल्कि सहायक भूमिकाओं में दमदार प्रदर्शन करने वाले कलाकार भी कहानी को प्रभावशाली बनाने में अहम भूमिका निभाते हैं। 72वें फिल्मफेयर अवॉड्र्स की सबसे खास उपलब्धियों में से एक गुजराती सिनेमा के लिए रही। क्षेत्रीय फिल्म श्रेणी में ‘मारण’ को बेस्ट गुजराती फिल्म का प्रतिष्ठित पुरस्कार प्रदान किया गया। गुजरात की धरती पर आयोजित राष्ट्रीय स्तर के इस भव्य समारोह में गुजराती फिल्म को सम्मान मिलना स्थानीय फिल्म उद्योग के लिए खास मायने रखता है। इससे गुजराती सिनेमा की रचनात्मक क्षमता और देशव्यापी पहचान को भी नया मंच मिला। स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के परिसर में आयोजित इस भव्य फिल्मी समारोह ने गुजरात के पर्यटन और सांस्कृतिक वैभव को भी राष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियों में ला दिया। नर्मदा नदी का किनारा, सरदार वल्लभभाई पटेल की विशाल प्रतिमा और देशभर से पहुंचे फिल्मी सितारे—इन सबने आयोजन को सिर्फ पुरस्कार समारोह नहीं, बल्कि मनोरंजन और पर्यटन के अनूठे संगम में बदल दिया। स्टैच्यू ऑफ यूनिटी पहले से ही गुजरात के प्रमुख वैश्विक पर्यटन स्थलों में अपनी पहचान बना चुका है।
ऐसे में भारतीय सिनेमा के बड़े समारोह की मेजबानी ने एकता नगर को देश के मनोरंजन मानचित्र पर भी खास जगह दिलाई। 72वें फिल्मफेयर अवॉड्र्स की शाम की सबसे बड़ी खासियत यही रही कि यहां हिंदी सिनेमा के लोकप्रिय सितारों के साथ दक्षिण भारतीय और क्षेत्रीय फिल्म उद्योग की प्रतिभाओं को भी समान मंच मिला। कार्तिक आर्यन, ममूटी और यामी गौतम जैसे बड़े नामों की मौजूदगी से लेकर गुजराती फिल्म मारण को मिला सम्मान तक—यह समारोह भारतीय सिनेमा की बहुभाषी और बहुरंगी तस्वीर पेश करता नजर आया। स्टैच्यू ऑफ यूनिटी की भव्य पृष्ठभूमि में सजे इस फिल्मी समारोह ने गुजरात के गौरव, भारतीय सिनेमा की विविधता और कलाकारों की प्रतिभा-तीनों को एक ही मंच पर ला खड़ा किया। नर्मदा के तट से निकली यह फिल्मी चमक लंबे समय तक याद की जाएगी।


