मुंबई । अनिल अंबानी से जुड़ी कंपनियों पर ईओडब्ल्यू की बड़ी कार्रवाई, 150 करोड़ रुपये के बैंक लोन घोटाले में एफआईआर दर्ज
मुंबई, (ईएमएस)। मुंबई पुलिस आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू ) ने अनिल अंबानी से जुड़ी कंपनियों के तत्कालीन निदेशकों और अधिकारियों के खिलाफ धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात और आपराधिक साजिश का मामला दर्ज किया है। आरोप है कि कंपनियों ने करीब 150 करोड़ रुपये का बैंक लोन लिया, लेकिन उस रकम का इस्तेमाल तय उद्देश्य के बजाय दूसरे कामों में किया गया और बाद में कर्ज का भुगतान नहीं किया गया।
यह मामला एक्सिस बैंक के उपाध्यक्ष प्रकाश प्रभाकर राव की शिकायत पर दर्ज किया गया है। शिकायत के आधार पर कफ परेड पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज की गई। बताया जा रहा है कि यह अनिल धीरूभाई अंबानी समूह से जुड़ी कंपनियों के खिलाफ दर्ज दूसरी एफआईआर है। इससे पहले मार्च 2026 में भी एक्सिस बैंक की शिकायत पर इसी तरह का एक मामला दर्ज किया गया था। एफआईआर में रिलायंस होम फाइनेंस लिमिटेड (आरएचएफएल) के तत्कालीन पूर्णकालिक निदेशक, एडीएजी समूह की लाभार्थी कंपनियों के निदेशक और समूह के अन्य संबंधित अधिकारियों को आरोपी बनाया गया है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, यह कथित घोटाला जनवरी 2010 से नवंबर 2019 के बीच हुआ। जांच एजेंसियों का आरोप है कि आरोपियों ने बैंक को वित्तीय नुकसान पहुंचाने की नीयत से आपराधिक साजिश रची।
फर्जी दस्तावेज और गलत जानकारी देने का आरोप
जांच में सामने आया है कि लोन हासिल करने के लिए आरोपियों ने कथित तौर पर फर्जी दस्तावेज जमा किए, गलत वित्तीय जानकारी दी और कंपनी की आर्थिक स्थिति को लेकर भ्रामक खुलासे किए। पुलिस सूत्रों के अनुसार, बैंक से प्राप्त धनराशि को बाद में समूह से जुड़ी अन्य कंपनियों के खातों में ट्रांसफर कर दिया गया। इससे बैंक को भारी वित्तीय नुकसान हुआ।
मार्च में भी दर्ज हुआ था समान मामला
सूत्रों के मुताबिक, 12 मार्च 2026 को भी ईओडब्ल्यू ने अनिल अंबानी समूह से जुड़ी कंपनियों और उनके कई निदेशकों के खिलाफ इसी तरह के आरोपों में मामला दर्ज किया था। अब इस नए मामले के बाद आर्थिक अपराध शाखा द्वारा वित्तीय लेन-देन, बैंक रिकॉर्ड और कंपनियों के खातों की विस्तृत जांच किए जाने की संभावना है। मामले को कॉर्पोरेट वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े बड़े मामलों में माना जा रहा है।


