फर्श पर लेटा कर किया गया अभ्यर्थियों का इलाज
पलामू । मेदिनीनगर के चियांकी हवाई अड्डे पर उत्पाद सिपाही भर्ती दौड़ प्रतियोगिता में गुरुवार को 25 अभ्यर्थी बेहोश हो गए थे। अभ्यर्थियों को इलाज के लिए मेदिनीराय मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पीटल में भर्ती करवाया गया था, जहां अस्पताल के फर्श पर बेहोश अभ्यर्थी को लिटा दिया गया था और स्लाइन चढ़ाने के दौरान लापरवाही बढ़ती जा रही थी। इसी क्रम में गुरुवार की शाम एक बेहोश अभ्यर्थी की मौत हो गई। मृतक अभ्यर्थी झारखंड के कौन से इलाके का रहने वाला है उसकी पहचान नहीं हो पाई है। समाचार लिखे जाने तक 15 से अधिक अभ्यर्थियों का इलाज मेडिकल कॉलेज में चल रहा है। अधिकतर बेहोश होने वाले अभ्यर्थी बिहार के गया और छपरा के इलाके के रहने वाले हैं। एक अभ्यर्थी की याददाश्त चली गई है। मेदिनीनगर टाउन थाना प्रभारी देवव्रत पोद्दार ने बताया कि मेडिकल कॉलेज के प्रबंधन की तरफ से पुलिस को सूचना दी गई है कि एक बेहोश अभ्यर्थी की मौत हुई है। मामले में आगे की छानबीन की जा रही है। मामले में एमआरएमसीएच के प्रभारी अधीक्षक डॉ आके रंजन ने बताया कि सांस के पैटर्न से लगता है कि अभ्यर्थी ने कोई ड्रग्स का सेवन किया था। अस्पताल में पहले से भीड़ चल रही है। मौसमी बीमारी के कारण मरीज बड़ी संख्या में पहुंच रहे है। कोई भी केयर टेकर नहीं है। बहाली को ऐसी जगह लेनी चाहिए, जहां आर्मी का कैंप हो या इस तरह की सुविधा हो। उत्पाद सिपाही की भर्ती के लिए दौड़ में शामिल होने के लिए ना सिर्फ झारखंड से बल्कि दूसरे राज्यों से भी लोग आए हैं। प्रतिभागी दौड़ते-दौड़ते बेहोश होकर रास्ते में गिर जा रहे हैं। इलाज के दौरान कोई दर्द से करार रहा है तो कोई चुपचाप लेटा है। मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल के प्रभारी अधीक्षक डॉक्टर आर के रंजन का कहना है कि बेड की उपलब्धता कम है, जिस कारण इस तरह इलाज हो रहा है, हमारे पास कोई दूसरा विकल्प नहीं है।


